• Thu. Oct 8th, 2026

परिवार से दूर रहकर सड़क पर मेहनत करने वाले चालकों की आवाज बनी कोंडागांव की रैली, ‘हमें भी सम्मान दो’ का संदेश

Byumakant mishra

Sep 3, 2026

कोंडागांव :— चालक केवल वाहन चलाने वाला व्यक्ति नहीं, बल्कि वह श्रमिक है जो दिन-रात सड़क पर रहकर हजारों लोगों और आवश्यक वस्तुओं को उनके गंतव्य तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। लेकिन इसी मेहनतकश वर्ग को कई बार कथित दुर्व्यवहार, अपमान और विभिन्न समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इन्हीं मुद्दों को लेकर 1 सितंबर 2026 को ड्राइवर दिवस के अवसर पर ट्रक वाहन चालक कल्याण संघ, जिला कोंडागांव के नेतृत्व में शांतिपूर्ण एवं अनुशासित एकजुटता एवं सम्मान रैली निकाली गई।

रैली में क्षेत्र के 300 से अधिक ड्राइवर भाइयों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। रैली के दौरान चालकों की एकता, सम्मान और उनके साथ होने वाले दुर्व्यवहार के विरोध में जोरदार नारे लगाए गए। “ड्राइवर भाइयों को सम्मान दो”, “हमें भी सम्मान दो” और “हम सब एक हैं, हमें भी सम्मान दो” जैसे नारों से पूरा मार्ग गूंज उठा।

मांदरी नाचा के साथ निकली रैली, दिखी श्रमिक एकता की झलक

रैली की शुरुआत रायपुर नाका क्षेत्र से हुई। इसके बाद बड़ी संख्या में ट्रक एवं अन्य वाहन चालकों ने एकजुट होकर रैली के रूप में शहर का भ्रमण किया। रैली गांधी चौक होते हुए जगदलपुर नाका तक पहुंची और वहां से वापस रायपुर नाका पहुंचकर शांतिपूर्ण ढंग से इसका समापन किया गया।

रैली की विशेषता यह रही कि इसमें मांदरी नाचा की प्रस्तुति भी शामिल रही, जिसने कार्यक्रम को सांस्कृतिक रंग देने के साथ-साथ चालक समुदाय की एकता और उत्साह को और मजबूत किया।

‘हम सड़क पर हैं, लेकिन सम्मान के हकदार भी हैं’

रैली के माध्यम से चालकों ने यह संदेश देने का प्रयास किया कि सड़क पर घंटों वाहन चलाने वाले चालक भी समाज का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। परिवार से दूर रहकर, दिन-रात मेहनत करने और लगातार यात्रा करने के बावजूद यदि उन्हें अपमान अथवा दुर्व्यवहार का सामना करना पड़े, तो यह चिंता का विषय है।

चालक समुदाय ने रैली के माध्यम से सम्मानजनक व्यवहार, सामाजिक प्रतिष्ठा और अपने अधिकारों के प्रति जागरूकता का संदेश दिया। रैली में शामिल चालकों ने स्पष्ट किया कि उनकी मांग किसी विवाद को बढ़ाना नहीं, बल्कि समाज में उनके योगदान के अनुरूप सम्मान और गरिमा सुनिश्चित करना है।

छत्तीसगढ़ मजदूर शक्ति संघ ने दिया समर्थन

चालक भाइयों की इस एकता और सम्मान की मुहिम को छत्तीसगढ़ मजदूर शक्ति संघ ने भी अपना समर्थन दिया। संघ के प्रदेश मंत्री सुनील कुमार रत्नाकर स्वयं रैली में शामिल हुए और चालक भाइयों के साथ कदम से कदम मिलाकर चलते हुए उनके सम्मान एवं एकता के समर्थन में नारे लगाए।

इस अवसर पर सुनील कुमार रत्नाकर ने कहा कि चालक भी मेहनतकश श्रमिक हैं और उनके श्रम एवं योगदान का सम्मान होना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसी भी श्रमिक या चालक के साथ दुर्व्यवहार अथवा अन्याय होता है तो छत्तीसगढ़ मजदूर शक्ति संघ उनके साथ खड़ा रहेगा।

उन्होंने चालक समुदाय को आश्वस्त करते हुए कहा कि “श्रमिक और चालक भाई अकेले नहीं हैं। उनके अधिकार, सम्मान और एकता की लड़ाई में छत्तीसगढ़ मजदूर शक्ति संघ हमेशा उनके साथ खड़ा रहेगा।”

संगठन की एकता बनी रैली की सबसे बड़ी ताकत

रैली में ट्रक वाहन चालक कल्याण संघ जिला कोंडागांव के जिला अध्यक्ष संतोष कुमार, उपाध्यक्ष मंगल दास, सचिव रामगोपाल टंडन, जिला प्रभारी सदस्य सुंदर दास, कुलदीप, जिला मीडिया प्रभारी रविंद सहित क्षेत्र के 300 से अधिक चालक भाई उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान संगठन के पदाधिकारियों ने चालक समुदाय से आपसी एकता बनाए रखने, अनुशासन के साथ अपने अधिकारों की आवाज उठाने और किसी भी समस्या का शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से समाधान कराने की अपील की।

रैली ने दिया साफ संदेश—‘सम्मान चाहिए, टकराव नहीं’

ड्राइवर दिवस के अवसर पर निकली यह रैली महज एक जुलूस नहीं, बल्कि मेहनतकश चालक वर्ग की सामूहिक आवाज और सम्मान की मांग के रूप में सामने आई। सड़क पर दौड़ते ट्रकों के पीछे अक्सर दिखाई न देने वाली मेहनत करने वाले इन चालकों ने एकजुट होकर यह संदेश दिया कि वे व्यवस्था का हिस्सा हैं, समाज के लिए जरूरी हैं और सम्मान के भी उतने ही हकदार हैं।

“हमें भी सम्मान दो” और “हम सब एक हैं, हमें भी सम्मान दो” के नारों के साथ समाप्त हुई यह रैली कोंडागांव में चालक समुदाय की एकता और श्रमिक सम्मान की दिशा में एक प्रभावशाली पहल के रूप में चर्चा में रही।

umakant mishra

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *